सोमवार, 19 सितंबर 2016

उरी हमला : पाकिस्तान को अंतर्राष्ट्रीय मंचों पर बेनकाब करने सहित कुछ दुरगामी कदम भी उठा सकती है सरकार

Photo Courtesy : PIB  
नई दिल्ली : उरी में सेना की यूनिट पर हुए आतंकी हमले की जवाबी रणनीति को लेकर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के सात रेसकोर्स स्थित आवास पर हुई बेहद अहम बैठक समाप्त हो गई। बैठक में माना जा रहा है कि पाकिस्तान को अंतर्राष्ट्रीय मंचों पर बेनकाब करने की रणनीति को मंजूरी दी गई है। 

बैठक में गृह मंत्री राजनाथ सिंह, रक्षा मंत्री मनोहर पर्रिकर, वित्त मंत्री अरूण जेटली और राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार अजित डोभाल और थल सेनाध्यक्ष दलबीर सिंह मौजूद थे।

इससे पहले गृह मंत्री राजनाथ सिंह के आवास पर आज सुबह हुई समीक्षा बैठक में राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार अजित डोभाल ने पाकिस्तान और आतंकी हमलों से निपटने को लेकर शार्ट और लॉन्ग टर्म प्लान पेश किया। इस पर गृह मंत्री, सेना प्रमुख, डीजीएमओ, और आईबी चीफ ने चर्चा की। बैटक में रक्षा मंत्री मनोहर पर्रिकर और प्रधानमंत्री कार्यालय राज्य मंत्री जितेंद्र सिंह भी मौजुद थे।

बताया जा रहा है कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने राजनयिक स्तर पर पाकिस्तान को अंतर्राष्ट्रीय मंचों पर अलग थलग करने के लिए सबूत समेत मुद्दे को जोर शोर से उठाने की रणनीति पर आगे बढ़ने पर फिलहाल सहमति दी है। उरी हमले में पाकिस्तानी हाथ होने के पुख्ता सबूत मिले हैं और सरकार इन सबूतों को अंतर्राष्ट्रीय मंच पर पेश कर पाकिस्तान को अलग थलग करने की कवायद में लगेगी। उरी में ही इस्तेमाल किए गए हथियारों पर पाकिस्तान में निर्मित होने के चिन्ह, आतंकियों द्वारा इस्तेमाल किए जीपीएस ट्रेकर जो पाकिस्तान तक जाते हैं, आदि साक्ष्य को पेश कर पाकिस्तान को अलग थलग किया जाने की योजना पर भारत आगे बढ़ेगा। बैठक में फिलहाल राजनयिक स्तर पर आगे बढ़ने की रणनीति के साथ ही तुरंत फुरंत किसी मिलिट्री सामाधान की ओर बढ़ने से परहेज किया गया है।

सूत्रों की मानें तो पाकिस्तान के आतंकी कैंपों को भी इंटेलिजेंस सूचना के आधार पर निशाना बनाया जा सकता है। साथ ही उरी हमले के मास्टर माइंड को खुफिया सूचना के आधार पर दबोचने की रणनीति को भी हरी झंडी दी गई है।

इसकी शुरूआत 26 सितंबर को संयुक्त राष्ट्र सम्मेलन को संबोधित करते हुए विदेश मंत्री सुषमा स्वराज के भाषण से ही हो जाएगी। इसके साथ ही 9-10 नवंबर को इस्लामाबाद में होने वाले सार्क सम्मेलन में पीएम नरेंद्र मोदी के शामिल होने पर भी संदेह जताया जा रहा है।
इस बीच उरी हमले में शहीद होने वाले भारतीय जवानों की संख्या बढ़कर 18 हो गई है। उरी हमले में घायल सिपाही के विकास जर्नादन ने आज दोपहर दम तोड़ दिया। आर आर अस्पताल में उनका इलाज चल रहा था।

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